अतिकर्मियों पर चला पालिका का डंडा, 60 अवैध कब्जे ध्वस्त

मील परिवार ने दिए अतिक्रमण के खिलाफ सख्ती के संकेत

वार्ड नंबर-4 में अवैध अतिक्रमण को ध्वस्त करती जेसीबी मशीन

सूरतगढ़।देर आए दुरुस्त आए‘ सूरतगढ़ नगरपालिका प्रशासन द्वारा सोमवार को अवैध अतिक्रमणो के खिलाफ चलाए गए अभियान को लेकर यही कहा जा सकता है। पालिका अमले ने दिनभर चले अभियान के दौरान वार्ड नंबर-4 में 60 से अधिक अवैध अतिक्रमणो को ध्वस्त कर दिया। भूमाफियाओं ने कच्ची-पक्की चारदीवारी और मकान बनाकर लंबे चौड़े भूखंडों पर कब्जा कर रखा था। जिन्हें पालिका अमले ने जेसीबी की मदद से ध्वस्त कर दिया। पालिका के अभियान चलाकर अतिक्रमण मुक्त कराई गई भूमि की कीमत करोड़ों रुपए बताई जा रही है।

पालिका अध्यक्ष मास्टर ओमप्रकाश कालवा व ईओ विजय प्रताप सिंह के आदेश पर चलाए गए इस अभियान के दौरान पालिका के अतिक्रमण प्रभारी कालूराम सेन (ए आर आई), सोहन कुमार झा (सहायक अभियंता),चरण सिंह मीणा (कनिष्ठ अभियंता, मनिंदर कुमार, पूर्ण राम, हरिराम, श्री कृष्ण), जगदीश प्रसाद, धनपत राम जमादार व सफाई कर्मचारी एवं पुलिस जाब्ता प्रभारी एसआई ओमप्रकाश मान व अन्य पुलिसकर्मी उपस्थित रहे।

अतिक्रमणो को लेकर पालिका और मील परिवार पर उठ रहे थे सवाल 

नगरपालिका प्रशासन पर पिछले लंबे समय से भूमाफियाओं को बढ़ावा देने के आरोप लग रहे थे। अवैध अतिक्रमण का मुद्दा लगातार मीडिया में छाया हुआ था। जिसकी वजह से सत्ताधारी कांग्रेस नेताओं की भी लगातार आलोचना हो रही थी। ख़ासकर मील परिवार पर भू माफियाओं को शह देने के आरोप लग रहे थे। शहर में खासकर कच्ची बस्तियों में खाली पड़ी भूमि पर भूमाफियाओं द्वारा कब्जे बेचने के खेल से आम जनता में नगरपालिका प्रशासन की जबरदस्त आलोचना हो रही थी। इसके बाद भी अवैध अतिक्रमणो की लगातार शिकायतों के बावजूद चेयरमैन कालवा के ढुलमुल रवैये से मील परिवार खुश नहीं था।

ऐसे में कांग्रेस नेता हनुमान मील ने ईओ विजय प्रताप को अतिक्रमण के प्रति सख्त रवैया अपनाने के निर्देश दिए। जिसका नतीजा पालिका अमले की कार्रवाई के रूप में देखने को मिला। 5 दर्जन से अधिक अतिक्रमणो को ध्वस्त कर पालिका प्रशासन के माध्यम से मील परिवार ने एक तरह से यह संदेश देने की कोशिश की है कि शहर में हो रहे अवैध अतिक्रमणो के पीछे उनके परिवार की कोई भूमिका नहीं है।

रिहाइश के बावजूद मकान तोड़ने के लगे आरोप, हुआ हंगामा

पालिका के आज चलाये गये अभियान के दौरान हटाए गए अधिकांश कब्जे बगैर रिहाइश के थे।भूमाफियों ने ज्यादातर प्लॉट सिर्फ चारदिवारी कर कब्ज़े किये हुए थे जिन्हे जेसीबी से हटा दिया गया। हालांकि अभियान के दौरान एक मकान में परिवार के रहने के बावजूद मकान को तोड़ने को लेकर विवाद भी सामने आया है। वार्ड-3 की पार्षद के पुत्र गुरजंट सिंह ने इस मामले में एक कांग्रेस के नेता के इशारे पर मकान तोड़ने का आरोप लगाया। देर शाम तक मामले ने राजनीतिक रंग ले लिया और प्रभावित लोगों ने अमित कड़वासरा और राकेश बिश्नोई के नेतृत्व में पालिका कार्यालय में धरना लगा दिया। हालांकि देर शाम हुई वार्ता में ईओ विजय प्रताप सिंह ने बुधवार सुबह मौका देखने की बात कही है।

अतिक्रमणो के खिलाफ हो जीरो टॉलरेंस की नीति

नगरपालिका द्वारा अवैध अतिक्रमणो के खिलाफ चलाए गये अभियान में मील परिवार की बड़ी भूमिका सामने आ रही है। क्योंकि शहर में अतिक्रमण एक बड़ी समस्या है  ऐसे में जरूरी है कि इस समस्या का समाधान के लिए मील परिवार जीरो टॉलरेंस की नीति अपनाये। हालांकि मील परिवार का यह कदम बहुत देरी से उठाया गया कदम है। लेकिन जैसे कि कहा जाता है जब जागो तभी सवेरा। सरकारी भूमि की बंदरबांट कर करोड़ों के वारे न्यारे करने वाले भू माफियाओं के नेक्सस को तोड़ने के लिए जरूरी है कि अवैध अतिक्रमण के खिलाफ लगातार अभियान चलाया जाए और साथ ही सरकारी भूमि पर कब्ज़ा कर गरीब लोगों को प्लॉट बेचने का धंधा करने वालों के मुकदमा दर्ज करने की कार्रवाई हो। जिससे भूमाफियों में भय व्याप्त हो। उम्मीद की जानी चाहिए कि अवैध अतिक्रमण के खिलाफ मील परिवार और पालिका का अभियान जारी रहेगा।  

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.

You missed

Follow us on Social Media

Discover more from

Subscribe now to keep reading and get access to the full archive.

Continue reading