जैन संत गणिवर्य श्री जयकीर्ति महाराज का पारणोत्सव,115 दिन के चातुर्मास में की 83 दिन निराहार तपस्या
चातुर्मास के दौरान जैन सन्त श्रावक समाज को तप के लिये प्रेरित कर रहे है वहीं शहर में चातुर्मास कर रहे गणि श्री जयकीर्ति विजय जी महाराज कठोर तप आराधना कर उदाहरण पेश कर रहे है। चातुर्मास के 115 दिनों के प्रवास में गणि वर्य अब तक 83 दिन निराहार तपस्या कर चुके है।
Continue Reading